बच्चे है खारकीव यूक्रेन के पूर्वोत्तर में और भारत सरकार रेस्क्यू कर रही यूक्रेन के पश्चिमी बॉर्डर से  

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खबर सच है संवाददाता

रूस की सीमा के करीब खारकीव में फंसी काशीपुर के शमीम सैफी की बेटी उंजिला ने यूक्रेन के मानचित्र के साथ एक वीडियो भेजा है। इसमें बताया गया है कि खारकीव में यूनिवर्सिटी और हॉस्टल में दो-दो हजार भारतीय छात्र फंसे हैं। खारकीव यूक्रेन के पूर्वोत्तर में है, जबकि भारत सरकार ने रेस्क्यू यूक्रेन के पश्चिमी बॉर्डर से किया है। वहीं खटीमा के अंकुर वर्मा, मिताली बिष्ट, भजन सिंह, ऋषभ अभी वहीं फंसे हैं।

वहीं रूस-यक्रेन की लड़ाई के बीच भारतीय छात्र की मौत के बाद वहां फंसे अन्य छात्र डरे हुए हैं। उंजिला के अनुसार पश्चिमी सीमा पर पड़ने वाले शहरों लवीव, ओरजड आदि शहरों से जाने के लिए ट्रांसपोर्ट है। यहां से छात्र पौलेंड, हंगरी, रोमानिया आदि बार्डरों की ओर जा रहे है जबकि खासकीव से पश्चिम बॉर्डर पर पड़ने वाले देशों की दूरी काफी अधिक है। बमबारी के चलते इतनी लंबी दूरी तय कर पाना सुरक्षा की दृष्टि से संभव नहीं है। वीडियो में बताया गया है कि खारकीव से पौलेंड की दूरी 1400 किमी, सलाविया की दूरी 1700 किमी, हंगरी की दूरी 1800 किमी और रोमानिया की दूरी 1300 किमी है। इन रूटों पर बमबारी के चलते कई शहरों के बीच संपर्क कटा हुआ है। ऐसे में खारकीव से इन देशों को होकर रेस्क्यू किया जाना मुश्किल है।

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TAGS: Intranatinol news

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