मुख्यमंत्री ने कहा कि इस कार्यक्रम को सरकारी कार्यक्रम न करते हुए इसमें आम जनसहभागिता हो यह सुनिश्चित किया जाय।समीक्षा बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा, दर्शक दीर्घा,और अन्य सभी सुविधाओं के विशेष ध्यान रखा जाय। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड के लिए यह गर्व की बात है जिस तरीके से खेलों का भव्य शुभारंभ प्रधानमंत्री द्वारा किया गया है, उसी प्रकार भव्य समापन समारोह भी आयोजित होगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि समापन समारोह में विभिन्न क्षेत्रों में ख्याति प्राप्त कर चुके महानुभाओं साहित्यकारों, संस्कृति कर्मी, समाजसेवियों, मीडिया जगत से जुड़े बुद्धिजीवियों आदि को भी विशेष रूप से आमंत्रित
किया जाय। उन्होंने कहा कि कार्यक्रम के दौरान किसी भी प्रकार की कोई भी समस्या न हो इस हेतु सभी व्यवस्थाएं चाक चौबंद हों। उन्होंने कहा कि जो हमारी आने वाली पीढ़ी है ये राष्ट्रीय खेल उनके लिए मील का पत्थर साबित होने वाली है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में 38 वें राष्ट्रीय खेलों के आयोजन में राज्य सरकार का प्रयास है कि सभी प्रतिभागी खिलाड़ी व खेलों से जुड़े हर एक व्यक्ति देवभूमि उत्तराखंड से अच्छा अनुभव लेकर जाएं। उन्होंने कहा कि सभी आयोजन स्थलों में खिलाड़ियों और आगंतुकों को हर संभव सुविधा प्रदान करने के प्रयास किए गए हैं। बैठक में निदेशक खेल प्रशांत कुमार आर्या द्वारा खेल विभाग द्वारा राष्ट्रीय खेलों के समापन समारोह हेतु की जा रही विभिन्नव्यवस्थाओं व कार्यक्रमों के बारे में जानकारी दी।
इस अवसर पर भाजपा जिलाध्यक्ष प्रताप बिष्ट, दर्जा राज्यमंत्री डॉ अनिल कुमार डब्बू, दिनेश आर्या, विधायक लालकुआं डॉ मोहन सिंह बिष्ट, विधायक कालाढूंगी बंशीधर भगत, उत्तराखंड ओलंपिक एसोसिएशन के अध्यक्ष महेश नेगी, नव निर्वाचित मेयर गजराज सिंह बिष्ट, आयुक्त कुमाऊं व सचिव मुख्यमंत्री दीपक रावत, आईजी डॉ योगेन्द्र सिंह रावत, जिलाधिकारी वंदना, निदेशक खेल प्रशांत आर्य, पुलिस अधीक्षक प्रह्लाद नारायण मीणा सहित विभिन्न राज्यों से आए खिलाड़ी, प्रशिक्षक, दर्शक जनप्रतिनिधि गणमान्य नागरिक आदि उपस्थित रहे। इससे पूर्व एफटीआई हैलीपैड में मुख्यमंत्री के जनपद आगमन पर आयुक्त कुमाऊँ व सचिव मुख्यमंत्री दीपकरावत एवं अन्य अधिकारियों द्वारा मुख्यमंत्री का बुके देकर स्वागत किया गया।