धामी कैबिनेट की बैठक में उत्तराखंड अल्पसंख्यक शिक्षा कल्याण बोर्ड के गठन को मिली सहमति  

ख़बर शेयर करें -

 

खबर सच है संवाददाता

देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में आज सचिवालय में कैबिनेट की बैठक हुई। जिसमें कुल पांच प्रस्ताव पर कैबिनेट ने अपनी मुहर लगाई है। 

19 अगस्त से शुरू हो रहे विधानसभा के सत्र में आने वाले कई प्रस्ताव को लेकर भी कैबिनेट में चर्चा की गई है। जिसमें विधेयक भी शामिल है। इसी तरह से आज की कैबिनेट की बैठक में सेवा नियमावली से संबंधित प्रस्ताव पर मुहर लगी है। वही UCC के रजिस्ट्रेशन की अवधि बढ़ाने को लेकर भी फैसला लिया गया है। इसके साथ ही कई विधेयक को भी कैबिनेट ने मंजूरी दी है जो विधानसभा सत्र के दौरान पटल पर रखे जाने हैं।

यह भी पढ़ें 👉  दर्दनाक सड़क हादसे में चार लोगों की मौत के साथ पांच लोग गंभीर रूप से घायल  

उत्तराखंड कैबिनेट ने आज एक निर्णय लिया है।इसमें यह तय किया गया है कि आगामी विधानसभा सत्र में उत्तराखंड अल्पसंख्यक शैक्षिक संस्थान अधिनियम, 2025 लाया जाएगा। अभी तक अल्पसंख्यक शैक्षिक संस्थान का दर्जा केवल मुस्लिम समुदाय को मिलता था। प्रस्तावित विधेयक के अंतर्गत अब अन्य अल्पसंख्यक समुदायों जैसे – सिख, जैन, ईसाई, बौद्ध एवं पारसी को भी यह सुविधा मिलेगी। यह देश का पहला ऐसा अधिनियम होगा जिसका उद्देश्य राज्य में अल्पसंख्यक समुदायों द्वारा स्थापित शैक्षिक संस्थानों को मान्यता प्रदान करने हेतु पारदर्शी प्रक्रिया स्थापित करना है, साथ ही शिक्षा में गुणवत्ता और उत्कृष्टता सुनिश्चित करना है। बैठक के बाद संसदीय कार्य मंत्री सुबोध उनियाल ने विस्तृत जानकारी दी।

 

अधिनियम की मुख्य विशेषताएँ

यह भी पढ़ें 👉  हॉस्टल और पीजी की आड़ में मनमानी पर देर रात दून पुलिस का सघन चेकिंग अभियान, चार संदिग्ध पुलिस हिरासत में 

1 – प्राधिकरण का गठन राज्य में उत्तराखंड राज्य अल्पसंख्यक शिक्षा प्राधिकरण का गठन किया जाएगा, जो अल्पसंख्यक शैक्षिक संस्थान का दर्जा प्रदान करेगा।

2 – अनिवार्य मान्यता – मुस्लिम, ईसाई, सिख, बौद्ध, जैन या पारसी समुदाय द्वारा स्थापित किसी भी शैक्षिक संस्थान को अल्पसंख्यक शैक्षिक संस्थान का दर्जा पाने हेतु प्राधिकरण से मान्यता प्राप्त करना अनिवार्य होगा।

3 – संस्थागत अधिकारों की सुरक्षा अधिनियम, अल्पसंख्यक शैक्षिक संस्थानों की स्थापना एवं संचालन में हस्तक्षेप नहीं करेगा, बल्कि यह सुनिश्चित करेगा कि शिक्षा की गुणवत्ता और उत्कृष्टता बनी रहे।

 

4 – अनिवार्य शर्तें – मान्यता प्राप्त करने हेतु शैक्षिक संस्थान का सोसाइटी एक्ट, ट्रस्ट एक्ट या कंपनी एक्ट के अंतर्गत पंजीकरण होना आवश्यक है। भूमि, बैंक खाते एवं अन्य संपत्तियाँ संस्थान के नाम पर होनी चाहिए। वित्तीय गड़बड़ी, पारदर्शिता की कमी या धार्मिक एवं सामाजिक सद्भावना के विरुद्ध गतिविधियों की स्थिति में मान्यता वापस ली जा सकती है।

यह भी पढ़ें 👉  राजीव गांधी जयंती पर जिला-महानगर कांग्रेस ने किया श्रद्धासुमन अर्पित  

5 – निगरानी एवं परीक्षा – प्राधिकरण यह सुनिश्चित करेगा कि शिक्षा उत्तराखंड विद्यालयी शिक्षा बोर्ड द्वारा निर्धारित मानकों के अनुसार दी जाए और विद्यार्थियों का मूल्यांकन निष्पक्ष एवं पारदर्शी हो।

अधिनियम का प्रभाव

 

राज्य में अल्पसंख्यक समुदायों के शैक्षिक संस्थानों को अब पारदर्शी प्रक्रिय के माध्यम से मान्यता मिलेगी। शिक्षा की गुणवत्ता के साथ-साथ अल्पसंख्यकों के संवैधानिक अधिकार भी सुरक्षित रहेंगे। राज्य सरकार के पास संस्थानों के संचालन की निगरानी करने और समय-समय पर आवश्यक निर्देश जारी करने की शक्ति होगी।

ADVERTISEMENTS Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad

लेटेस्ट न्यूज़ अपडेट पाने के लिए -

👉 हमारे समाचार ग्रुप (WhatsApp) से जुड़ें

👉 हमसे फेसबुक पर जुड़ने के लिए पेज़ को लाइक करें

👉 ख़बर सच है से टेलीग्राम (Telegram) पर जुड़ें

👉 हमारे पोर्टल में विज्ञापन एवं समाचार के लिए कृपया हमें [email protected] पर ईमेल करें या +91 97195 66787 पर संपर्क करें।

TAGS: consent was given to the formation consent was given to the formation of Uttarakhand Minority Education Welfare Board dehradun news Dhami Cabinet Meeting In the meeting of Dhami cabinet Uttarakhand Minority Education Welfare Board uttarakhand news उत्तराखंड अल्पसंख्यक शिक्षा कल्याण बोर्ड उत्तराखण्ड न्यूज गठन को मिली सहमति देहरादून न्यूज धामी कैबिनेट की बैठक

More Stories

उत्तराखण्ड

एसएसपी मंजूनाथ टीसी की सटीक रणनीति से गोरापड़ाव डकैती का खुलासा :  48 घंटे में दो बदमाश गिरफ्तार, 8 लाख की डकैती की साजिश का पर्दाफाश 

ख़बर शेयर करें -

ख़बर शेयर करें –    खबर सच है संवाददाता      हल्द्वानी।  गोरापड़ाव में हुई सनसनीखेज डकैती के मामले में नैनीताल के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. मंजूनाथ टीसी ने त्वरित कार्रवाई और सटीक रणनीति के दम पर महज दो दिन में बड़ा खुलासा कर दिया। एसएसपी के सीधे पर्यवेक्षण में करीब 50 पुलिस अधिकारियों और […]

Read More
उत्तराखण्ड

जिला प्रशासन की बड़ी कार्रवाई : शादी के जाति बदल तहसील से जारी अनुसूचित जाति प्रमाण पत्र निरस्त 

ख़बर शेयर करें -

ख़बर शेयर करें –  खबर सच है संवाददाता  हल्द्वानी। जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल ने जिला स्तरीय स्क्रूटनी कमेटी की संस्तुति के बाद होम्योपैथिक चिकित्साधिकारी डॉ. मनीषा कायथ का हल्द्वानी तहसील से जारी अनुसूचित जाति प्रमाण पत्र निरस्त कर दिया है। मामले की शिकायत सितारगंज निवासी अनिल कुमार कंबोज ने की थी। जांच में सामने आया कि […]

Read More
उत्तराखण्ड

हॉस्टल और पीजी की आड़ में मनमानी पर देर रात दून पुलिस का सघन चेकिंग अभियान, चार संदिग्ध पुलिस हिरासत में 

ख़बर शेयर करें -

ख़बर शेयर करें –  खबर सच है संवाददाता  देहरादून। हॉस्टल और पीजी की आड़ में होने वाली मनमानी पर शिकंजा कसने के लिए दून पुलिस ने देर रात सघन चेकिंग अभियान चलाया। एसएसपी के निर्देश पर एसपी सिटी प्रमोद कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीमों ने प्रेमनगर क्षेत्र के हॉस्टल और पीजी खंगाले।चेकिंग के दौरान […]

Read More